कांग्रेसियों को सोनिया की नसीहत, कहा- केवल सोशल मीडिया से नहीं सड़क पर उतरे
नई दिल्ली। कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने गुरुवार को आर्थिक मंदी के मुद्दे पर BJP सरकार पर हमला किया और उस पर बदले की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने पार्टी नेताओं से कहा कि लोकतंत्र खतरे में है और सरकार उसे मिले जनादेश का गलत फायदा उठा रही है, ऐसे में सिर्फ सोशल मीडिया पर आक्रमक होना ही पयार्प्त नहीं है।
सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, सोनिया ने पार्टी नेताओं से कहा कि लोकतंत्र आज खतरे में है। सरकार द्वारा सबसे बुरे तरीके से चुनावी जनादेश का गलत उपयोग किया जा रहा है। नापाक एजेंडे को पूरा करने के लिए महात्मा गांधी, सरदार पटेल और भीमराव अंबेडकर जैसे महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और नेताओं के वास्तविक संदेशों की गलत व्याख्या करना ही एकमात्र उद्देश्य बना लिया है। सिर्फ सोशल मीडिया पर सक्रिय रहना ही पयार्प्त नहीं है, कांग्रेस पार्टी का आंदोलनकारी एजेंडा होना चाहिए। सोनिया पार्टी के महासचिवों, प्रदेश प्रभारियों, प्रदेश इकाई के अध्यक्षों और अन्य नेताओं को संबोधित कर रही थीं।
सूत्र ने बताया, ‘उन्होंने पार्टी नेताओं से कहा कि आर्थिक मंदी में हमारी सरकार ने अर्थव्यवस्था को इससे निकाल लिया था।’ उन्होंने यह भी याद किया कि कांग्रेस की अगुआई वाली संप्रग सरकार के दौरान कैसे रोजगार निमार्ण किया गया था। आर्थिक मंदी के मुद्दे पर सरकार की आलोचना करते हुए सोनिया ने पार्टी से कहा कि भाजपा की अगुआई वाली राजग सरकार विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार तक नहीं बचा सकी है। सोनिया ने कहा, ‘आज कांग्रेस के संकल्प की परीक्षा ली जा रही है। हमें जनता तक जाना होगा।’
पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष चुने जाने के एक महीना बाद सोनिया की पार्टी नेताओं के साथ यह पहली बैठक थी। उनके बेटे और कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लोकसभा चुनाव में पार्टी की हार की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्तीफा दे चुके हैं।
