रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार की जनहितकारी योजनाओं को आमजन तक पहुंचाने के लिए चलाया जा रहा सुशासन तिहार अब लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का एक बड़ा अभियान बन चुका है। शासन की योजनाओं का लाभ सीधे और बिना किसी बाधा के पात्र हितग्राहियों तक पहुंचने से प्रदेश के ग्रामीण अंचलों में खुशियों और भरोसे का एक नया वातावरण निर्मित हो रहा है। इसी कड़ी में पेंड्रा विकासखंड के नवागांव की निवासी कुमारी निधि रजक के जीवन में उस समय एक नई उम्मीद जगी, जब उन्हें सुशासन तिहार शिविर में स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयुष्मान कार्ड प्रदान किया गया।
आर्थिक तंगी और इलाज की चिंता से मिली बड़ी मुक्ति
कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण निधि रजक के परिवार को हमेशा इलाज के बढ़ते खर्च और आकस्मिक स्वास्थ्य समस्याओं की चिंता सताती रहती थी। किसी गंभीर बीमारी की स्थिति में बेहतर अस्पताल में उपचार कराना इस परिवार के लिए एक बड़ी चुनौती थी।
अब मिलेगा 5 लाख रूपए तक का मुफ्त इलाज
आयुष्मान कार्ड मिलने से निधि और उनके परिवार को बहुत बड़ी राहत मिली है। इस कार्ड के माध्यम से अब उन्हें प्रतिवर्ष 5 लाख रुपये तक के निःशुल्क और गुणवत्तापूर्ण उपचार की सुविधा मिलेगी, जिससे परिवार पर आने वाला आकस्मिक आर्थिक बोझ पूरी तरह खत्म हो जाएगा।
हितग्राही ने जताया आभार गरीबों के लिए वरदान हैं योजनाएं
आयुष्मान कार्ड प्राप्त होने पर खुशी जाहिर करते हुए निधि रजक ने राज्य सरकार और स्वास्थ्य विभाग के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पहले बीमारी और इलाज के खर्च की चिंता हमें हमेशा परेशान करती थी। लेकिन मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में चल रही ये योजनाएं हम जैसे गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं हैं। अब यह कार्ड मिलने से हमारे पूरे परिवार को स्वास्थ्य सुरक्षा का एक बड़ा भरोसा मिला है।
एक ही छत के नीचे मिल रहा तमाम योजनाओं का लाभ
सुशासन तिहार के तहत आयोजित होने वाले इन विशेष शिविरों में प्रशासनिक अमला पूरी सक्रियता के साथ ग्रामीणों को एक ही स्थान पर विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ दे रहा है। इन शिविरों में मुख्य रूप से क्षेत्रों से जुड़ी समस्याओं का त्वरित गति से निराकरण किया जा रहा हैं, जिनमें स्वास्थ्य एवं आयुष्मान कार्ड और राशन कार्ड संबंधी कार्य के अलावा वृद्धावस्था पेंशन, अन्य सामाजिक सुरक्षा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास, रोजगार (मनरेगा) और शिक्षा से जुड़ी योजनाएं योजनाओं का निराकरण किया जा रहा है।
जवाबदेह और पारदर्शी व्यवस्था से बढ़ा जनता का विश्वास
राज्य सरकार की स्पष्ट मंशा है कि विकास की कतार में खड़े अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचे और कोई भी पात्र नागरिक वंचित न रहे। ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों का कहना है कि पहले जहाँ दफ्तरों के चक्कर काटने और योजनाओं का लाभ लेने में भारी कठिनाई होती थी, वहीं अब शासन स्वयं उनके गांव तक पहुँचकर समस्याओं का त्वरित समाधान कर रहा है। प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक जवाबदेह, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाने की इस पहल से आम नागरिकों का सरकार के प्रति विश्वास और अधिक सुदृढ़ हुआ है।
