न्यूज़ डेस्क। कल विधानसभा में अपने धारदार भाषण से विपक्ष की बोलती बंद कर देने के बाद आज विधान परिषद में सीएम योगी ने जब बोलने शुरू किया तो विपक्ष के नेताओं ने योगी को टोकना शुरू कर दिया। जिसके बाद तो योगी आदित्यनाथ का अलग ही अंदाज देखने को मिला। सीएम योगी बोल रहे थे कि किसान-किसान की बात करके कैसे गुमराह करने का प्रयास हो रहा है। इसमें समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और कांग्रेस भी.. सीएम योगी ने बस इतना बोला कि विपक्ष ने सदन में हंगामा शुरू कर दिया। जिसके बाद सीएम योगी ने कहा कि अपने घर की खीझ को यहां पर मत उतारिए।
सीएम योगी ने शोर मचाते विपक्षी नेताओं को नसीहत देते हुए कहा कि इतना उत्तेजित होने की आवश्यकता नहीं है। अच्छे ढंग से आप अपनी बात को यहां पर रख सकते हैं। लेकिन फिर से सदन में नेताओं द्वारा सीएम योगी को टोक दिया गया। फिर सीएम योगी ने कहा कि मैं जानता हूं आप लोग किस प्रकार कि भाषा समझते हैं और उसी प्रकार का डोज समय-समय पर देता हूं। हालांकि इस बात पर सपा सदस्य नरेश उत्तम ने आपत्ति करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री बार-बार ठीक कर दूंगा, डोज दे दूंगा की बात करते हैं। मुख्यमंत्री खुद योगी हैं। उन्हें इस तरह की भाषा नहीं बोलनी चाहिए।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि ये सदन है सदन के शिष्टाचार को आप पहले सीखिए और तब बात करिए। लेकिन सदन में हंगामा जारी रहता है फिर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि ये गर्मी यहां दिखाने की आवश्यकता नहीं है। मैं जानता हूं जो जिस भाषा को समझते हैं। जिस भाषा में समझेंगे उसी भाषा में उसको जबाव देंगे।