रेप का आरोप झेल रहे मंत्री धनंजय मुंडे बने रहेंगे पद पर, NCP ने बैठक कर किया फैसला

मुंबई। महाराष्ट्र में एक महिला की ओर से लगाए गए बलात्कार के आरोप का सामना कर रहे कैबिनेट मंत्री धनंजय मुंडे को थोड़ी राहत मिली है। दरअसल उनकी पार्टी NCP ने उन्हें अभी मंत्री पद पर बने रहने देने का फैसला किया है। सूत्रों के मुताबिक, विपक्षी बीजेपी और मनसे के कुछ नेताओं द्वारा की गई महिला के खिलाफ उत्पीड़न की शिकायतों को देखते हुए ये निर्णय लिया गया।

पार्टी अध्यक्ष शरद पवार, उपमुख्यमंत्री अजीत पवार, जल संसाधन मंत्री जयंत पाटिल और वरिष्ठ नेता प्रफुल्ल पटेल सहित एनसीपी के कई शीर्ष नेताओं ने इस मुद्दे पर चर्चा करने के लिए बृहस्पतिवार देर रात यहां बैठक की। बैठक पटेल के आवास पर आयोजित की गई थी।

शिवसेना की अगुवाई वाली एमवीए सरकार में सामाजिक न्याय मंत्री मुंडे (45) ने बलात्कार के आरोपों का खंडन किया और इसे ब्लैकमेल करने की कोशिश करार दिया। बीजेपी नेता कृष्ण हेगड़े ने बृहस्पतिवार को दावा किया कि मुंबई की रहने वाली महिला कई सालों से उन्हें परेशान कर रही थी। मनसे के एक नेता ने भी उस महिला के खिलाफ इसी तरह के आरोप लगाए हैं।

मुंडे ने महिला के खिलाफ ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया था, अब बाकी पार्टी के नेताओं ने भी उस महिला पर ऐसे आरोप लगाए हैं। बीजेपी और मनसे नेताओं की ओर से लगाए गए आरोप से कहीं न कहीं मुंडे के दावों को बल मिला है। मुंडे से जुड़े मामले की पुलिस जांच चल रही है।

जयंत पाटिल का कहना है जो महिला धनंजय पर इतने गंभीर आरोप लगा रही है। अब उसी के खिलाफ कई लोग सामने आ रहे हैं। उस महिला पर लोगों को ब्लैकमेल करने के आरोप लग रहे हैं और ये आरोप जिन्होंने लगाया है, वे खुद बीजेपी के नेता हैं।

सूत्रों ने बताया कि पार्टी ने चर्चा में तय किया है कि “हमें जांच के नतीजे की प्रतीक्षा करने की आवश्यकता है। इसलिए, ये ते किया गया कि मुंडे इस पद पर बने रहेंगे।” बृहस्पतिवार को, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के प्रमुख शरद पवार ने कहा था कि मुंडे के खिलाफ लगाए गए आरोप गंभीर हैं और पार्टी इस मुद्दे पर चर्चा करेगी और जल्द से जल्द इस पर फैसला करेगी।

पवार ने संवाददाताओं को बताया कि मुंडे ने बुधवार को उनसे मुलाकात की और इस प्रकरण को लेकर अपना पक्ष रखा। हालांकि इस बीच, बीजेपी ने मुंडे के इस्तीफे की मांग की है।

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